देहरादून: देहरादून में धामी कैबिनेट (Dhami Cabinet Meeting) की मीटिंग आयोजित की गई थी। इस बैठक में नो व्हीकल डे, वर्क फ्रॉम होम और ईवी पॉलिसी लाने जैसे कई बड़े फैसले लिए हैं।
राज्य में ऊर्जा और ईंधन बचत के लिए अहम निर्णय लिए गए। बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड महामारी के बाद, रूस – यूक्रेन संघर्ष और अब पश्चिम एशिया का संकट चल रहा है। इस वजह से वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला यानी ईंधन, खाद्य पदार्थ और उर्वरकों पर दबाव बढ़ा है। इसी क्रम में उत्तराखंड में भी कई सुधार तत्काल प्रभाव से लागू किए जा रहे हैं।
ये हुए निर्णय
- पर्वतीय क्षेत्रों में स्वैच्छिक चकबंदी होगी। हर जिले में 10 गांव का लक्ष्य रखा गा है। 75% ग्रामीणों की सहमति जरूरी होगी। डिजिटल माध्यम से चकबंदी होगी। आपत्ति का निस्तारण भी होगा।
- राजस्व परिषद समीक्षा अधिकारी सेवा नियमावली में संशोधन को मंजूरी। कंप्यूटर का ज्ञान के बजाय 8000 की टाइपिंग स्पीड, माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस, विंडोज का भी ज्ञान जरूरी सगंध पौध केंद्र का नाम परफ़्यूमरी अनुसंधान संस्थान होगा।
- सुओरीम कोर्ट नई दिल्ली के तहत दो पद और होंगे।
- मेडिकल कॉलेज में कमेटी तीन साल के लिए संविदा पर रखती थी। ब सचिव स्तर पर ही होगा
- चिकित्सा शिक्षा निदेशालय के ढांचे का पुनर्गठन होगा। 29 से बढ़ाकर 40 पद किए गए।
- राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर में 277 कार्मिक 2009 से लगे हैं, उनको समान कार्य समान वेतन मिलेगा।
- लैब टेक्नीशियन संवर्ग के ढांचे को पुनर्गठन किया जाएगा। 266 मेडिकल लैब टेक्निकल ऑफिसर के होंगे।
- महिला स्पोर्ट्स कॉलेज लोहाघाट के कुल 16 पदों को मंजूरी मिली।
- लघु जल विधुयुत परियोजना की नीति में संशोधन को मंजूरी। डेवलोपर की परफॉर्मेंस सिक्योरिटी शून्य होगी। पहले परियोजना की डीपीआर बनती थी, अब प्री फिजिबिलिटी रिपोर्ट बनेगी। जब विकासकर्ता को फॉरेस्ट क्लीयरेन्स मिलेगी तो उसके समय तय होंगे।
- उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम के लिए शैक्षिक नियमावली मंजूर। मान्यता के आवदेन की प्रक्रिया, शर्तें, नवीनीकरण, मान्यता समाप्त करने के नियम तय हुए।
- निर्माण के लिए 10 लाख प्रति पंचायत के बजाय अब 20 लाख मिलेंगे।
- विधानसभा सत्र के सत्रावसान को मंजूरी।
- फॉरेंसिक साइंस में 15 पद सृजित करने को मंजूरी मिली।
- यात्रा व्यवसाय पंजीकरण नियमावली में संशोधन को मंजूरी। अब होम स्टे छह के बजाय आठ कमरे तक का होगा। संचालक को वहां रहने होगा। नवीनीकरण स्वतः हो जाएगा।
- उत्तराखंड राज्य चकबंदी कर्मियों की सेवा नियमावली 2026 को मंजूरी।
- यूपीसीएल, यूजेवीएनएल और पिटकुल में पहले निदेशक के चयन की नियमावली बनी थी। जिसमें निदेशक मंडल में नियुक्त शब्द हटाया गया है। अब बाहर का व्यक्ति भी निदेशक बन सकेगा।

No comments:
Post a Comment