Friday, 13 March 2026

LPG cylinder crisis: स्कूलों पर भी गैस संकट का असर, बंद हो रहा बच्चों का खाना, पर सरकारी निर्देश क्या है

 


LPG cylinder crisis : मिडिल ईस्ट में चल रहे अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग का असर भारत में दिखने लगा है। वेस्ट एशिया की इस वॉर के चलते भारत में ईंधन की समस्या खड़ी हो गई है। भारत की तेल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) ने LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स को कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई सिमित करने का निर्देश दिया है। जिससे गैस संकट गहरा गया है और अब स्कूल ी बच्चे भी प्रभावित हो रहे हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों में बच्चों को स्कूल में मिलने वाला खाना बंद होने जा रहा है।


दिल्ली-NCR के टॉप स्कूल में फूड सर्विस बंद

दिल्ली और गुरुग्राम के टॉप स्कूलों में से एक श्री राम स्कूल ने स्टूडेंट्स के पेरेंट्स को ईमेल के जरिए स्कूल में जल्द खाने की सर्विस बंद होने की सूचना दी है। स्कूल का कहना है, 'हमारे कैटरर ने हमें सूचित किया है कि कमी के कारण, वे स्कूल के दोपहर के भोजन और स्नैक्स के लिए आवश्यक मात्रा में LPG गैस प्राप्त करने में असमर्थ हैं।' स्कूल में फूड सर्विस के लिए सिर्फ 16 मार्च तक की एलपीजी गैस है।

बिहार में PM पोषण योजना प्रभावित

अमेरिका-इजरायल और ईरान वॉर का आज 14वां दिन है। युद्ध के चलते भारत में ईंधन सप्लाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। बिहार में पीएम पोषण योजना के तहत बच्चों को स्कूल में मिलने वाला खाना बंद होने वाला है। सोशल मीडिया पर एक एक्स यूजर ने लिखा, 'PM पोषण योजना का उद्देश्य स्कूली बच्चों को पका हुआ भोजन उपलब्ध कराना है। लेकिन बिहार के कई सरकारी स्कूलों की रसोई में LPG उपलब्ध नहीं है। ईंधन के बिना, आखिर ये भोजन पकाया कैसे जा रहा है?' हालांकि अभी इसे लेकर कोई आधिकारिक सूचना जारी नहीं की गई है।

केरल में स्कूलों में लकड़ी से खाना पकाने का निर्देश

गैस की कमी के चलते केरल में अधिकारी ने स्कूलों में लकड़ी से खाना पकाने का निर्देश दिया है। लोक शिक्षा के अतिरिक्त निदेशक ने निर्देश दिया है कि गैस की कमी के कारण स्कूलों में दोपहर की भोजन योजना प्रभावित नहीं होनी चाहिए और इसके लिए राज्य के सभी स्कूलों में खाना पकाने के लिए लकड़ी का इस्तेमाल कर सकते हैं। इससे पहले, स्कूलों में लकड़ी जलाने पर सख्त प्रतिबंध था। अब गैस की कमी के चलते इस प्रतिबंध में ढील देने का फैसला लिया गया है।

महाराष्ट्र में भी स्कूली बच्चों के खाने पर गैस संकट का असर

नागपुर में भी गैस सिलेंडरों की कमी का असर स्कूली बच्चों के खाने पर दिखने की संभावना जताई जा रही है। प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के तहत शिक्षा विभाग द्वारा एकेडमिक ईयर 2025-26 में राज्य के सरकारी स्कूलों में कक्षा 1 से 8वीं तक के स्टूडेंट्स को स्वस्थ और पोष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। अकेले नागपुर में करीब तीन लाख स्कूली बच्चों को इसका फायदा मिलता है। लेकिन आने वाले दिनों में यह सुविधा बंद हो सकती है। क्योंकि पूरे महाराष्ट्र में एलपीजी सिलेंडरों की कमी हो गई है। स्कूलों की रसोई बंद होने की कगार पर हैं।

क्या है सरकार का निर्देश?

केंद्र सरकार ने LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स को कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई सीमित करने का निर्देश दिया है। रेस्टोरेंट और होटलों के लिए कमर्शियल LPG सिलेंडरों की सप्लाई पर अस्थायी रोक लगा दी है। सरकार ने मौजूदा संकट के दौरान घरों के लिए खाना पकाने वाली गैस की सप्लाई को प्राथमिकता दी है। अधिकारियों ने घरेलू LPG सिलेंडरों की बुकिंग का गैप 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया है। कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई सिर्फ हॉस्पिटल्स और शिक्षण संस्थानों तक ही सीमित रखने का निर्देश दिया है।

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री ने क्या कहा?

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने 12 मार्च 2026 को लोकसभा में कहा कि आधुनिक ऊर्जा इतिहास में दुनिया ने कभी भी ऐसे क्षण का सामना नहीं किया है। आज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) से आवागमन बाधित हुए 13 दिन हो गए हैं; इसी मार्ग से दुनिया का 20% कच्चा तेल, 20% प्राकृतिक गैस और 20% LPG प्रवाहित होती है। यह बाधा ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच हुए सैन्य अभियान के परिणामस्वरूप उत्पन्न हुई है।

लिखित इतिहास में पहली बार, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज कमर्शियल शिपिंग के लिए प्रभावी रूप से बंद हो गया है। इस संघर्ष को उत्पन्न करने में भारत की कोई भूमिका न होने के बावजूद, कई अन्य देशों की तरह, भारत को भी इसके परिणामों से निपटना पड़ रहा है।

No comments:

Post a Comment